काशी में कई घर-घर प्रत्येक दिन शाम को आजा जाता है देवी दुर्गा की पूजा करने। सभी लोगों का भाव हर समय आशा से भरपूर रहता है।
Devi Kashi Ki: Durga Puja Ki Shreni
Durga Puja is celebrated with great fervor in Kashi. The form of the divine mother is decorated with exquisite jewels and garments. People throng to the religious sites to offer their prayers . The ambiance is one of joy .
- A highlight of Durga Puja in Kashi consists of the a grand procession. Decorated vehicles depicting scenes from Hindu mythology are pulled through the city streets, accompanied by dances.
- The celebrations culminate in the sending off of the goddess
Durga Puja Ke Utsav Ganga Kinare
Ganga nali/tehar/ghat par, durga puja ka mahotsav hai/hota/aata hai. Bahut/Bohat/Afsos log aapna/apni/their pyar se puja/pooja/aarati karta/karti/karan hain aur bhagwan/dev/devi/durga maa ko shradh//prarthana/pranaam dekhte/detikte/dekhenge hain.
- Durga Puja ka time bahut shandaar/khaas/suhaavna
- Mithai/Halwai/Ladoo aur puri/chaat/samosa ke liye log jhaad/baahar/agyaan hai/ho/jata hai
- Durga maa ka darshan karne/dekhne/dekhein log bahut pyar/pyaar/prem se karte/karti/karana hain.
Durga Puja: Varanasi ki Sanskriti Ka Prabhaav
Varanasi, प्राचीन शहर, इसकी धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत के लिए प्रसिद्ध है. Durga Puja इस शहर में एक विशेष महत्व रखती है. यह त्योहार न केवल शक्ती देवी की पूजा का अवसर है, बल्कि यह Varanasi ki निरंतर को भी दर्शाता है.
स्थापित कलाओं और शिल्पों का एक विशाल प्रदर्शन देखने को मिलता है. भव्य पंडाल, जीवंत रंग, और उत्साहपूर्ण माहौल इस त्योहार को और भी खास बनाते हैं. निवासी पूरे शहर में तैयारियां करते हैं.
दूर-दराज से भी भक्त इस त्योहार में शामिल होने के लिए Varanasi आते हैं.
बनारस में शक्ति पीठ
आज करवा चौथ पर, वरनासी का हरपर्व मस्ती से भर जाता है|भरे रहता है|होता check here है। यह शहर बहुतपुराना है और यहाँ स्थित मंदिर एक महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल रहता है।
यहाँ दुर्गा माँ की पूजा बहुतप्रसिद्ध है और हर साल लाखों श्रद्धालु यहाँ आते हैं
- शिव मंदिर काशी
- हरियाली अफ्ताब
देव दीपावली में दुर्गा पूजा की कामना
दीपावली, यह त्योहार जो प्रकाश का प्रतीक है, विश्वास का भी स्वरूप लेता है। इसी अवसर पर हम सभी महान देवी दुर्गा को सम्मानित करते हैं और उसकी माफी प्राप्त करने की प्रार्थना करते हैं। यह दिन एक सुंदर मेल है, जहां प्रेम का सार ऊपर उठ जाता है।
- परंपरागत विश्वासों और रीति-रिवाजों का पालन करते हुए, हम इस दिन सुख की कामना करते हैं।
- परंपराओं को आगे बढ़ाते हुए, हम इस अवसर पर एक-दूसरे के साथ प्यार बांटते हैं।
यह समय दुर्गा पूजा और देव दीपावली का मेल है, जो हमें एक नया जीवन शिक्षा देता है। जीवन की बेहतर नींव के लिए हम सभी प्रतिज्ञा करते हैं।